Post Office FD Scheme 2026: सुरक्षित निवेश की तलाश करने वालों के लिए पोस्ट ऑफिस की फिक्स्ड डिपॉजिट योजनाएं हमेशा भरोसेमंद विकल्प मानी जाती हैं। खासतौर पर वे लोग जो जोखिम से दूर रहकर तय रिटर्न चाहते हैं, उनके लिए पोस्ट ऑफिस की योजनाएं बैंक एफडी से भी ज्यादा भरोसा देती हैं। हाल के समय में ब्याज दरों को लेकर काफी चर्चा रही है, ऐसे में निवेश से पहले सही जानकारी जानना बेहद जरूरी हो जाता है।
कई जगह यह दावा किया जा रहा है कि पोस्ट ऑफिस में 1 लाख की एफडी पर 8.2 प्रतिशत की वार्षिक ब्याज दर मिल रही है, लेकिन वास्तविकता को समझना जरूरी है। पोस्ट ऑफिस की अलग-अलग योजनाओं की ब्याज दरें अलग होती हैं और हर योजना एफडी नहीं होती।
Post Office FD Scheme 2026 Latest Update
पोस्ट ऑफिस की एफडी को आधिकारिक रूप से पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट स्कीम कहा जाता है। यह योजना 1 साल, 2 साल, 3 साल और 5 साल की अवधि के लिए उपलब्ध होती है। इसमें सरकार द्वारा तय की गई ब्याज दर मिलती है, जिससे निवेश पूरी तरह सुरक्षित माना जाता है।
वर्तमान व्यवस्था के अनुसार पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट पर मिलने वाली अधिकतम ब्याज दर 7.5 प्रतिशत तक जाती है, जो 5 साल की अवधि के लिए लागू होती है। 1 लाख रुपये की एफडी पर ब्याज दर उसी अवधि के अनुसार तय होती है, न कि एक समान 8.2 प्रतिशत।
8.2 प्रतिशत ब्याज दर किस योजना में मिलती है
यह समझना जरूरी है कि 8.2 प्रतिशत की ब्याज दर पोस्ट ऑफिस की सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम में मिलती है, न कि सामान्य एफडी में। यह योजना केवल 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के नागरिकों के लिए होती है। इस योजना में निवेश करने पर नियमित तिमाही ब्याज मिलता है, जो रिटायरमेंट के बाद आय का मजबूत जरिया बन सकता है।
अगर कोई व्यक्ति 1 लाख रुपये सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम में निवेश करता है, तो उसे सालाना 8.2 प्रतिशत के हिसाब से ब्याज का लाभ मिलता है। इसी कारण कई बार इसे गलत तरीके से पोस्ट ऑफिस एफडी से जोड़कर बताया जाता है।
Post Office FD पर 1 लाख रुपये का रिटर्न
यदि कोई निवेशक पोस्ट ऑफिस टाइम डिपॉजिट में 1 लाख रुपये जमा करता है, तो रिटर्न अवधि और ब्याज दर पर निर्भर करता है। 5 साल की एफडी पर लगभग 7.5 प्रतिशत वार्षिक ब्याज मिलता है। इस हिसाब से मैच्योरिटी पर राशि मूलधन से अधिक होकर वापस मिलती है।
पोस्ट ऑफिस एफडी में ब्याज सालाना आधार पर कंपाउंड होता है और मैच्योरिटी पर एकमुश्त भुगतान किया जाता है। यह उन निवेशकों के लिए सही विकल्प है जो बीच-बीच में पैसे निकालने की जरूरत महसूस नहीं करते।
Post Office FD Scheme 2026 के फायदे
पोस्ट ऑफिस एफडी को खासतौर पर सुरक्षित निवेश के रूप में जाना जाता है। इसमें बाजार के उतार-चढ़ाव का कोई असर नहीं पड़ता। सरकार की गारंटी होने के कारण इसमें डिफॉल्ट का जोखिम नहीं होता।
निवेशक चाहें तो एफडी को मैच्योरिटी से पहले बंद भी कर सकते हैं, हालांकि इसमें कुछ शर्तें लागू होती हैं। 5 साल की पोस्ट ऑफिस एफडी पर आयकर अधिनियम की धारा 80C के तहत टैक्स छूट का लाभ भी मिलता है।
Post Office FD और Bank FD में अंतर
पोस्ट ऑफिस एफडी और बैंक एफडी दोनों ही सुरक्षित मानी जाती हैं, लेकिन पोस्ट ऑफिस एफडी में ब्याज दरें सरकार तय करती है। वहीं बैंक एफडी में ब्याज दरें बैंक की नीतियों पर निर्भर करती हैं। कई बार पोस्ट ऑफिस एफडी की ब्याज दरें बैंकों से ज्यादा स्थिर रहती हैं।
इसके अलावा पोस्ट ऑफिस एफडी ग्रामीण और छोटे शहरों में रहने वाले लोगों के लिए ज्यादा सुलभ मानी जाती है, जहां बैंकिंग सुविधाएं सीमित होती हैं।
Post Office FD Scheme 2026 किसके लिए सही है
यह योजना उन निवेशकों के लिए बेहतर मानी जाती है जो बिना जोखिम के निश्चित रिटर्न चाहते हैं। नौकरीपेशा लोग, गृहिणियां और रिटायरमेंट के करीब पहुंच चुके लोग पोस्ट ऑफिस एफडी को लंबे समय के लिए सुरक्षित निवेश मानते हैं।
अगर कोई निवेशक ज्यादा ब्याज दर चाहता है और उसकी उम्र 60 वर्ष या उससे अधिक है, तो उसके लिए सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम ज्यादा फायदेमंद हो सकती है।
Post Office FD Scheme 2026 में निवेश करने से पहले यह समझना जरूरी है कि 8.2 प्रतिशत ब्याज दर एफडी पर नहीं, बल्कि सीनियर सिटीजन सेविंग्स स्कीम पर लागू होती है। सही जानकारी के साथ किया गया निवेश ही भविष्य को सुरक्षित बना सकता है।
